उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में जिला कलेक्ट्रेट परिसर के अंदर बनी एक मस्जिद को शुक्रवार को भारी पुलिस बल की मौजूदगी में ढहा दिया गया। अदालत ने इस मस्जिद को सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण करार देते हुए इसे हटाने का आदेश दिया था। प्रशासन ने सुबह से ही पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया था और किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए पीएसी, आरएएफ तथा स्थानीय पुलिस के सैकड़ों जवान तैनात किए गए थे। तोड़फोड़ की कार्रवाई शांतिपूर्वक संपन्न हुई, हालांकि तनाव को देखते हुए इलाके में धारा 144 लागू कर दी गई है। जिला प्रशासन के अनुसार, यह मस्जिद कलेक्ट्रेट परिसर की सरकारी भूमि पर बिना किसी अनुमति के बनाई गई थी। इस संबंध में एक याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायालय ने इसे अवैध घोषित करते हुए ध्वस्तीकरण का आदेश पारित किया था। आदेश के अनुपालन में जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक की अगुवाई में बुलडोजर और जेसीबी मशीनों से निर्माण को गिराया गया। कार्रवाई के दौरान किसी भी पक्ष की ओर से विरोध प्रदर्शन नहीं हुआ, लेकिन एहतियातन संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त बल तैनात रहा। इस घटना के बाद राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी तेज हो गई हैं। समाजवादी पार्टी के स्थानीय सांसद को प्रशासन ने एहतियातन नजरबंद कर दिया, जिसके बाद पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर तीखी टिप्पणी की। वहीं, एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने भी इस कार्रवाई की निंदा करते हुए इसे अल्पसंख्यक समुदाय को निशाना बनाने वाला कदम बताया। दूसरी ओर, सत्ताधारी दल के नेताओं ने अदालत के आदेश का पालन बताते हुए इसे कानून की जीत करार दिया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने बताया कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और शहर में शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए फ्लैग मार्च निकाले जा रहे हैं। खुफिया एजेंसियों को सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट डालने वालों पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने आम नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की है। कानूनी जानकारों का मानना है कि सरकारी भूमि पर अवैध धार्मिक निर्माणों के खिलाफ अदालती आदेशों का सख्ती से पालन कानून के शासन को मजबूत करता है। हालांकि, ऐसी कार्रवाइयों के दौरान संवेदनशीलता और संवाद बनाए रखना भी उतना ही आवश्यक है। सहारनपुर की यह घटना भविष्य में इसी तरह के अन्य मामलों के लिए एक नजीर बन सकती है, बशर्ते प्रशासन और समाज सभी पक्षों के साथ संतुलित रवैया अपनाएं।