📰 Kotputli News
Breaking News: नेपाल बाढ़ त्रासदी: एक सप्ताह बाद 110 से अधिक लोगों को बचाया गया, भारत ने भेजी पांचवीं राहत खेप
🕒 6 days ago

नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के एक सप्ताह बाद सेना ने 110 से अधिक लोगों को सुरक्षित निकालने में सफलता प्राप्त की है। नेपाली सेना के प्रवक्ता के अनुसार, बचाव अभियान लगातार जारी है और दूरदराज के इलाकों में फंसे लोगों तक पहुंचने के लिए हेलीकॉप्टरों और नावों का उपयोग किया जा रहा है। इस प्राकृतिक आपदा ने देश के कई जिलों को बुरी तरह प्रभावित किया है, जहां सैकड़ों घर बह गए हैं और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है। इस त्रासदी की मार्मिक कहानियां सामने आ रही हैं, जिनमें एक पिता अपने लापता बेटे की तलाश में 13 डॉलर उधार लेकर कई दिनों तक पैदल चलता रहा। ऐसी हृदयविदारक घटनाएं बाढ़ की भयावहता को दर्शाती हैं। नेपाल के विदेश मंत्री ने इस आपदा को जलवायु परिवर्तन का 'चेतावनी संकेत' करार देते हुए अंतरराष्ट्रीय समुदाय से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने चीन, अमेरिका और भारत जैसे प्रमुख देशों से जलवायु मुआवजे की मांग भी उठाई है। भारत ने पड़ोसी धर्म निभाते हुए लगातार राहत सामग्री भेज रहा है। शुक्रवार को पांचवीं राहत खेप नेपाल पहुंचाई गई, जिसमें खाद्य सामग्री, दवाएं, तिरपाल और अन्य आवश्यक वस्तुएं शामिल हैं। भारतीय वायु सेना के विमान और सड़क मार्ग से निरंतर सहायता पहुंचाई जा रही है। नेपाल सरकार ने भारत की इस त्वरित सहायता के लिए आभार व्यक्त किया है। बाढ़ से हुए नुकसान का आकलन अभी जारी है, लेकिन प्रारंभिक अनुमान के अनुसार हजारों परिवार विस्थापित हुए हैं और कृषि योग्य भूमि को भारी क्षति पहुंची है। नेपाल सरकार ने अंतरराष्ट्रीय सहायता की अपील की है, जबकि विभिन्न गैर-सरकारी संगठन भी राहत कार्यों में जुटे हुए हैं। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में और बारिश की चेतावनी दी है, जिससे बचाव कार्यों में और चुनौतियां आ सकती हैं। इस त्रासदी ने हिमालयी क्षेत्र की पारिस्थितिक संवेदनशीलता और जलवायु परिवर्तन के बढ़ते खतरों को फिर से उजागर किया है। विशेषज्ञों का मानना है कि अनियोजित विकास, वनों की कटाई और बदलते मौसम पैटर्न ने ऐसी आपदाओं की आवृत्ति और तीव्रता बढ़ा दी है। नेपाल सहित पूरे दक्षिण एशिया क्षेत्र को दीर्घकालिक जलवायु अनुकूलन रणनीतियों पर गंभीरता से काम करने की आवश्यकता है।

Stay connected with Kotputli News for latest updates.


📲 Share on WhatsApp
✍️ By Pradeep Yadav | 02 Sep 2026