तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और प्रसिद्ध अभिनेता जोसेफ विजय की पत्नी संगीता ने चेंगलपट्टू की पारिवारिक अदालत में दायर तलाक की याचिका को वापस ले लिया है। इस फैसले से विजय को बड़ी राहत मिली है क्योंकि वे विधानसभा सत्र का हवाला देकर सुनवाई में उपस्थित नहीं हो सके थे। अदालत में मात्र 15 मिनट चली सुनवाई के दौरान संगीता के वकील ने याचिका वापस लेने का आवेदन प्रस्तुत किया जिसे न्यायाधीश ने स्वीकार कर लिया। सूत्रों के अनुसार संगीता ने तलाक की अर्जी कुछ महीने पहले दायर की थी जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच सुलह की कोशिशें चल रही थीं। विजय के व्यस्त राजनीतिक कार्यक्रम और विधानसभा सत्र की प्रतिबद्धताओं के कारण वे अदालत में हाजिर नहीं हो पाए थे। उनके वकील ने अदालत को बताया कि मुख्यमंत्री संवैधानिक दायित्वों के कारण उपस्थित नहीं हो सके। अदालत ने मामले को स्थगित कर दिया था लेकिन संगीता ने अचानक याचिका वापस लेने का निर्णय लिया। कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि याचिका वापस लेने का अर्थ यह नहीं है कि विवाद पूरी तरह समाप्त हो गया है। संगीता को भविष्य में नई याचिका दायर करने का अधिकार बरकरार है। भारतीय दंड संहिता और हिंदू विवाह अधिनियम के तहत किसी भी पक्ष को याचिका वापस लेने के बाद भी नए सिरे से मामला दर्ज कराने की छूट होती है। इस घटनाक्रम से राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा तेज हो गई है क्योंकि विजय हाल ही में मुख्यमंत्री बने हैं और उनकी निजी जिंदगी सार्वजनिक चर्चा का विषय बनी हुई है। विजय के समर्थकों ने इस फैसले का स्वागत करते हुए इसे पारिवारिक एकता की जीत बताया है। सोशल मीडिया पर भी दोनों के साथ रहने की खबर तेजी से वायरल हो रही है। हालांकि विपक्षी दल इसे निजी मामला बताकर टिप्पणी से बच रहे हैं। आने वाले दिनों में देखना होगा कि यह सुलह स्थायी रहती है या फिर नए कानूनी मोड़ सामने आते हैं। फिलहाल तमिलनाडु की राजनीति और फिल्म जगत दोनों में इस घटनाक्रम को लेकर गहरी दिलचस्पी बनी हुई है।