तमिलनाडु की टीवीके नीत सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए अपना पहला बजट पेश किया जिसमें वित्त मंत्री मैरी विल्सन ने कई लोकलुभावन और विकासोन्मुखी घोषणाएं कीं। इस बजट को सामाजिक कल्याण, शिक्षा सुधार और आर्थिक पारदर्शिता पर केंद्रित करते हुए तैयार किया गया है। मुख्यमंत्री विजय के नेतृत्व वाली सरकार ने अपने चुनावी वादों को पूरा करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए महिलाओं, विद्यार्थियों और आम जनता के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं का ऐलान किया है। बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार जनता के पैसे का दुरुपयोग करने वालों को बख्शेगी नहीं। बजट की सबसे चर्चित घोषणा विवाह बंधन में बंधने वाली दुल्हनों के लिए एक सोवरेन सोने का सिक्का उपहार के रूप में देने की है। इस योजना का लाभ गरीब और मध्यम वर्ग के परिवारों को मिलेगा जिससे विवाह खर्च का बोझ कम होगा। इसके साथ ही 'सुपर क्लीन, सुपर कैंपस' नामक महत्वाकांक्षी योजना के तहत राज्य के 10 हजार सरकारी स्कूलों का कायाकल्प किया जाएगा। इस योजना में स्वच्छ पेयजल, आधुनिक शौचालय, स्मार्ट क्लासरूम और हरित परिसर विकसित करने पर जोर दिया गया है। विद्यार्थियों को डिजिटल शिक्षा से जोड़ने के लिए लैपटॉप वितरण योजना को भी जारी रखते हुए उसका विस्तार किया गया है। आर्थिक मोर्चे पर सरकार ने वर्ष 2031 तक तमिलनाडु की अर्थव्यवस्था को 1.5 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य रखा है। इसके लिए औद्योगिक निवेश, स्टार्टअप पारिस्थितिकी तंत्र और कौशल विकास पर विशेष बल दिया गया है। बजट में राजकोषीय पारदर्शिता और वित्तीय अनुशासन बनाए रखने के लिए नई निगरानी प्रणाली लागू करने की बात कही गई है। शिक्षा क्षेत्र के लिए आवंटन में उल्लेखनीय वृद्धि करते हुए प्राथमिक से लेकर उच्च शिक्षा तक गुणवत्तापूर्ण बुनियादी ढांचा तैयार करने का खाका पेश किया गया है। भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए वित्त मंत्री ने दो टूक शब्दों में कहा कि जनता की गाढ़ी कमाई का दुरुपयोग करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। पूर्ववर्ती सरकारों के कार्यकाल में हुए कथित वित्तीय अनियमितताओं की जांच के लिए विशेष जांच दल गठित करने की घोषणा भी की गई। इस कदम को जनता के बीच विश्वास बहाली और सुशासन की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। बजट में किसी भी वर्ग पर नया कर नहीं लगाया गया है बल्कि कई राहत उपायों की घोषणा की गई है। कुल मिलाकर तमिलनाडु का यह पहला टीवीके बजट लोककल्याणकारी योजनाओं और दीर्घकालिक आर्थिक दृष्टिकोण का संतुलित मिश्रण प्रतीत होता है। सोने का सिक्का, स्कूल कायाकल्प, लैपटॉप वितरण जैसी योजनाएं जहां तत्काल राहत देंगी वहीं 1.5 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था का लक्ष्य भविष्य की रूपरेखा तय करता है। भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की नीति से प्रशासनिक शुचिता आएगी। अब देखना होगा कि इन घोषणाओं का क्रियान्वयन कितनी प्रभावी ढंग से होता है और जनता तक इसका लाभ कितनी जल्दी पहुंचता है।