Kotputli News
स्वास्थ्य एवं जनजीवन

आबूरोड में आवारा सांड के हमले से तीन वर्षीय मासूम गंभीर रूप से घायल

आबूरोड की शिवाजी कॉलोनी में 11 सितंबर को आवारा सांड के हमले में तीन साल का एक बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया, जिससे स्थानीय नागरिकों में भारी रोष व्याप्त है। घटना के समय बच्चा अपने घर के बाहर खेल रहा था जब सांड ने उसे सींगों से उठाकर पटक दिया, जिससे उसके

K
Kotputli News प्रकाशित: 16 Sep 2026, 12:31 AM
⏱ 5 मिनट का समय • 👁 1,049 बार देखा गया
यह समाचार अंग्रेजी में भी उपलब्ध है: Read in English →
आबूरोड में आवारा सांड के हमले से तीन वर्षीय मासूम गंभीर रूप से घायल
आबूरोड में आवारा सांड के हमले से तीन वर्षीय मासूम गंभीर रूप से घायल फोटो आभार: News18 Rajasthan State Wire
समाचार सुनें

0:00 / ~5:00
शेयर करें: 59 शेयर
WhatsApp Facebook

शहरी आवासीय क्षेत्रों में आवारा पशुओं के बढ़ते आतंक और प्रशासनिक लापरवाही का एक अत्यंत गंभीर मामला 11 सितंबर की शाम को आबूरोड में सामने आया, जहां एक आवारा सांड ने तीन साल के मासूम बच्चे पर अचानक जानलेवा हमला कर दिया। यह दहला देने वाली घटना शिवाजी कॉलोनी में शाम करीब साढ़े 6 बजे उस समय घटी जब पीड़ित बच्चा अपने घर के बाहर खेल रहा था। इस प्रकार की घटनाओं ने आवासीय बस्तियों में बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा पर एक बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है, जहां सड़कों पर बेखौफ घूम रहे मवेशी आम नागरिकों के लिए निरंतर खतरा बनते जा रहे हैं।

इस समस्या की पृष्ठभूमि में शहरी स्थानीय निकायों की लचर व्यवस्था और आवारा पशुओं के प्रबंधन में लगातार आ रही प्रशासनिक विफलता मुख्य रूप से जिम्मेदार रही है। पिछले कुछ वर्षों से शहर की प्रमुख सड़कों और गलियों में बेसहारा पशुओं का विचरण आम बात हो गई है, जिसके कारण स्थानीय निवासियों को रोजाना भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। नागरिकों द्वारा बार-बार शिकायतें दर्ज कराने के बावजूद प्रभावी और स्थाई समाधान की दिशा में ठोस कदम नहीं उठाए जाने के कारण स्थिति लगातार बदतर होती जा रही है।

प्राप्त जानकारी और जमीनी रिपोर्ट के अनुसार, घटना के समय तीन वर्षीय निशांत अपने घर के बाहर खेल रहा था, तभी एक आक्रामक आवारा सांड अचानक वहां आ धमका और उसने बिना किसी उकसावे के बच्चे पर हमला बोल दिया। सांड ने अपनी ताकत का प्रदर्शन करते हुए मासूम को सींगों से उठाकर हवा में उछाल दिया और जमीन पर पटक दिया, जिससे उसके सिर में गंभीर चोटें आईं। इस भयावह दृश्य को देखकर मौके पर पहुंची बच्चे की मां ने जब अपने जिगर के टुकड़े को बचाने का प्रयास किया, तो संघर्ष के दौरान वह भी घायल हो गईं।

इस वीभत्स घटना के बाद स्थानीय निवासियों, अभिभावकों और व्यापारियों में प्रशासन के प्रति गहरा रोष व्याप्त है और लोग खुलेआम अपनी नाराजगी व्यक्त कर रहे हैं। नागरिकों का कहना है कि नगर पालिका प्रशासन कर वसूली और अन्य औपचारिकताओं में तो पूरी तरह मुस्तैद रहता है, परंतु आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने के मामले में पूरी तरह उदासीन साबित हो रहा है। शहर की हर गली और चौराहे पर डेरा डाले आवारा पशुओं के कारण पैदल चलना और विशेषकर बच्चों का बाहर निकलना दूभर हो गया है।

इस प्रकार की घटनाओं का क्षेत्रीय स्तर पर भी गहरा और नकारात्मक प्रभाव पड़ता है, जिससे न केवल आम जनजीवन प्रभावित होता है बल्कि पूरे क्षेत्र की सामाजिक और आर्थिक गतिविधियां भी बाधित होती हैं। सुरक्षित बुनियादी ढांचे और सड़कों के अभाव में परिवारों का दैनिक जीवन भय के साये में बीत रहा है। नागरिकों का स्पष्ट मानना है कि यदि प्रशासन ने समय रहते इस दिशा में कठोर कदम नहीं उठाए, तो आने वाले समय में यह संकट और अधिक विकराल रूप धारण कर सकता है, जिससे किसी बड़े हादसे की आशंका बनी रहेगी।

इस गंभीर प्रकरण के तूल पकड़ने के बाद राजनीतिक और सामाजिक प्रतिनिधियों ने प्रशासनिक अधिकारियों पर दबाव बनाना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में भारतीय जनता पार्टी के जिला मंत्री दुर्गेश राव ने नगर पालिका ईओ को एक औपचारिक ज्ञापन सौंपा, जिसमें उन्होंने कड़े शब्दों में अपनी बात रखी। ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई कि शहर में घूम रहे सभी आवारा पशुओं को तुरंत पकड़कर सुरक्षित गौशालाओं में भेजा जाए तथा उन लापरवाह पशु पालकों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए जो अपने मवेशियों को सड़कों पर खुला छोड़ देते हैं।

घटना के उपरांत अब स्थानीय जनता और पीड़ित परिवार की निगाहें पूरी तरह से नगरपालिका प्रशासन के आगामी कदमों पर टिकी हुई हैं कि वे इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए क्या कार्रवाई करते हैं। जनप्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने शीघ्र ही आवारा पशुओं को पकड़ने का विशेष अभियान शुरू नहीं किया और दोषी पशु मालिकों पर शिकंजा नहीं कसा, तो जनता को साथ लेकर व्यापक आंदोलन किया जाएगा। प्रशासनिक अधिकारियों की कार्यप्रणाली और उनकी जवाबदेही तय करने की दिशा में यह एक अत्यंत महत्वपूर्ण परीक्षा का समय है।

Featured Creator Deep | @deepdrives.in
Deep | @deepdrives.in

📸 Deep | @deepdrives.in

🚗 Kotputli Ka Ladka • Car Creator

Real owner reviews, tested mileage & hidden car hacks! Join 10K+ automobile lovers.

K

Kotputli News

सत्यापित पत्रकार

कोटपूतली-बहरोड़ जिला संवाददाता एवं संपादकीय डेस्क

तथ्य-जांच सत्यापित

यह समाचार रिपोर्ट कोटपूतली न्यूज़ संपादकीय आचार संहिता के तहत प्रकाशित की गई है। यदि आपको इसमें कोई तथ्यात्मक त्रुटि प्रतीत हो तो सुधार हेतु संपर्क करें।

संबंधित खबरें

स्वास्थ्य एवं जनजीवन • 04 Nov 2026

खाद्य सुरक्षा विभाग ने हरनी गांव में 2520 किलोग्राम कैरी का अचार किया सीज

खाद्य सुरक्षा विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई के तहत हरनी गांव में 2520 किलोग्राम कैरी का अचार लोगों की थाली तक पहुंचने से पहले सीज कर दिया है। इतनी भारी मात्रा में अचार जब्त होने के बाद खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और जनस्वास्थ्य को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए है

⏱ 4 मिनट का समय 👁 1,012
स्वास्थ्य एवं जनजीवन • 03 Nov 2026

श्रीगंगानगर की वायु गुणवत्ता में भारी गिरावट, AQI 258 पर पहुंचने से स्वास्थ्य पर संकट

श्रीगंगानगर में बदलते मौसम के बीच वायु प्रदूषण में तीव्र वृद्धि दर्ज की गई है, जिसके तहत मंगलवार अलसुबह शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक यानी AQI 258 तक पहुंच गया है। हवा की गुणवत्ता अत्यधिक खराब होने के कारण आंखों में जलन और सांस लेने में कठिनाई जैसी गंभीर स

⏱ 4 मिनट का समय 👁 1,009
स्वास्थ्य एवं जनजीवन • 03 Nov 2026

राजस्थान: जयपुर में 35 हजार लीटर संदिग्ध घी मिलने पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने फैक्टरी सीज की

राजस्थान में खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावट के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत जयपुर में एक बड़ी कार्रवाई की है। अधिकारियों ने हिमालय डेयरी प्रोडक्ट्स की फैक्टरी पर छापा मारकर पैंतीस हजार लीटर संदिग्ध घी जब्त किया है, जिसे सात अलग-अलग ब्रांडों के नाम से पै

⏱ 3 मिनट का समय 👁 1,012
स्वास्थ्य एवं जनजीवन • 03 Nov 2026

बीकानेर में केंद्रीय टीम की बड़ी कार्रवाई: 28 हजार किलो दूषित मैदा सीज और फफूंद लगा मावा नष्ट

बीकानेर में जयपुर से आई केंद्रीय टीम के साथ चलाए गए एक बड़े अभियान के दौरान प्रशासन ने 28 हजार किलो दूषित मैदा सीज किया है। इसके साथ ही मौके पर 400 किलो फफूंद लगा मावा, सड़े-गले ड्राई फ्रूट्स, खराब गुलाब जामुन और अवधिपार खाद्य सामग्री को नष्ट कराया गया। इ

⏱ 5 मिनट का समय 👁 1,014
K
कोटपूतली न्यूज़ ऐप इंस्टॉल करें

फास्ट लोडिंग व मोबाइल ऐप अनुभव

🍪

हम बेहतर उपयोगकर्ता अनुभव, विश्लेषण और प्रासंगिक विज्ञापनों (Google AdSense) के लिए कुकीज़ का उपयोग करते हैं। गोपनीयता नीति पढ़ें

✓ Success