अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने हाल ही में कहा कि वह युद्ध में बहुत बड़ी जीत हासिल कर रहा है, जबकि पाकिस्तान के साथ चल रही शांति वार्ताओं को लेकर माहौल अनिश्चित है। ट्रम्प ने इरान के साथ ध्वस्त शत्रुता को लेकर आशावादी बात रखी, परंतु विशेषज्ञों का मानना है कि इरान की शर्तों पर सहमति बनाना आसान नहीं होगा। यूएस प्रतिनिधिमंडल, जो वांस द्वारा गठित है, इस समय इस्राइल-ईरान तनाव के बीच इरान-पीआरसी समझौते को विस्तार देने के बारे में संदेह व्यक्त कर रहा है और क़तर जलधारा को भी बंद रहने की संभावना बताई गई है। इस बीच, ट्रम्प ने कहा कि इरानी समझौता ओबामा के परमाणु समझौते से बेहतर होगा, परंतु दावों का समर्थन करने वाले ठोस सबूत अभी सामने नहीं आए हैं। इस पर घरेलू और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सवाल उठ रहे हैं कि क्या ट्रम्प की यह घोषणा वास्तविक स्थिति को दर्शाती है या सिर्फ राजनीतिक बयान है।